Live
Packaged Foods की Labelling में हो सकता है बड़ा बदलाव, 10 सितंबर को Supreme Court में अहम सुनवाईसरकार पहले ही 85,000 कर्मचारियों की 60% DA की मांग पूरी कर चुकी है, बाकियों के लिए केंद्र के बराबर वेतन सुनिश्चित करने के लिए तैयार: Aman AroraIndustry Minister Arora द्वारा UAEIC के Secretary-General अब्दुल्ला अहमद अल सुवैदी से मुलाकात; UAE Investors के समक्ष पंजाब को पसंदीदा Investment Destination के रूप में किया प्रस्तुतBhagwant Mann सरकार द्वारा Written Assurance के बाद किसानों ने Chandigarh-Mohali Border पर चल रहा धरना समाप्त कियाPawan Tinu ने 2016 से अटके NH-03 Four-Laning Project का मुद्दा उठाया, DPR की मंजूरी और जल्द Tender जारी करने की मांगमुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत 560 मरीज़ों के डायबिटिक फुट उपचार पर ₹1.32 करोड़ ख़र्चदाखिलों में तेज़ वृद्धि उपचार नेटवर्क में बढ़ते विश्वास का प्रमाण: डॉ. बलबीर सिंहपंजाब में फिर बिजली संकट का खतरा! कोयले की कमी के कारण कई थर्मल प्लांट आधी क्षमता परPackaged Foods की Labelling में हो सकता है बड़ा बदलाव, 10 सितंबर को Supreme Court में अहम सुनवाईसरकार पहले ही 85,000 कर्मचारियों की 60% DA की मांग पूरी कर चुकी है, बाकियों के लिए केंद्र के बराबर वेतन सुनिश्चित करने के लिए तैयार: Aman AroraIndustry Minister Arora द्वारा UAEIC के Secretary-General अब्दुल्ला अहमद अल सुवैदी से मुलाकात; UAE Investors के समक्ष पंजाब को पसंदीदा Investment Destination के रूप में किया प्रस्तुतBhagwant Mann सरकार द्वारा Written Assurance के बाद किसानों ने Chandigarh-Mohali Border पर चल रहा धरना समाप्त कियाPawan Tinu ने 2016 से अटके NH-03 Four-Laning Project का मुद्दा उठाया, DPR की मंजूरी और जल्द Tender जारी करने की मांगमुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत 560 मरीज़ों के डायबिटिक फुट उपचार पर ₹1.32 करोड़ ख़र्चदाखिलों में तेज़ वृद्धि उपचार नेटवर्क में बढ़ते विश्वास का प्रमाण: डॉ. बलबीर सिंहपंजाब में फिर बिजली संकट का खतरा! कोयले की कमी के कारण कई थर्मल प्लांट आधी क्षमता पर
Tuesday, 08 September 2026
Menu

कोयले की भारी राष्ट्रीय कमी के कारण पंजाब में बिजली संकट गंभीर, उत्पादन 1,500 मेगावाट हुआ कम : तरुणप्रीत सिंह सोंध

बिजली मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंध ने बताया कि राष्ट्रीय स्तर पर कोयले की भारी कमी के कारण पंजाब भर में बिजली संकट और गंभीर हो गया है, जिससे राज्य में बिजली उत्पादन 1,500 मेगावाट तक घट गया है और बड़े थर्मल प्लांट कम क्षमता पर चलाने के लिए मजबूर हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि कोयले की कमी के कारण देश भर में 63 GW बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है, जबकि केंद्र द्वारा कोयले की कम की गई आपूर्ति ने राजपुरा और तलवंडी साबो थर्मल प्लांटों को प्रभावित किया है, जिससे पंजाब के बिजली प्रबंधन पर और बुरा असर पड़ा है।

बिजली मंत्री ने मांग की है कि केंद्र सरकार कोयले की कमी को दूर करने और लोगों तथा उद्योगों को बिना रुकावट बिजली आपूर्ति सुनिश्चित बनाने के लिए तुरंत ठोस कदम उठाए।

एक वीडियो संदेश में बिजली मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंध ने कहा, “देश में कोयले की भारी कमी के कारण पंजाब में बिजली उत्पादन में लगभग 1,500 मेगावाट की गिरावट आई है। पिछले दो-तीन दिनों से राज्य में बिजली की कमी का सामना करना पड़ रहा है, जिस कारण मजबूरीवश घरेलू और औद्योगिक क्षेत्रों में बिजली कटौती की जा रही है।”

बिजली मंत्री ने कहा कि मौजूदा बिजली संकट के पीछे सबसे बड़ा कारण देश भर में कोयले की भारी कमी है। उन्होंने आगे कहा, “यह समस्या सिर्फ पंजाब तक ही सीमित नहीं है, क्योंकि कोयले की कमी के कारण देश भर में लगभग 63 GW बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई है।”

मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंध ने बताया कि देश भर के कई थर्मल पावर प्लांटों के पास सिर्फ तीन से चार दिनों का ही कोयला स्टॉक बचा है और नतीजतन वे अपनी आधी क्षमता पर चलने के लिए मजबूर हैं। उन्होंने कहा, “पंजाब के प्राइवेट थर्मल पावर प्लांट भी ऐसी ही स्थिति का सामना कर रहे हैं, जहां कोयले की कमी के कारण आधी क्षमता पर बिजली उत्पादन हो रहा है।”

दूसरी ओर, उन्होंने कहा कि जिन थर्मल प्लांटों को पंजाब सरकार द्वारा कोयले की आपूर्ति की जाती है, वहां राज्य सरकार के प्रयासों से अभी भी लगभग 10 दिनों का कोयला स्टॉक उपलब्ध है।

मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंध ने खास तौर पर राजपुरा के नाभा पावर लिमिटेड थर्मल प्लांट और मानसा के तलवंडी साबो थर्मल प्लांट का जिक्र किया, जिन्हें केंद्र सरकार द्वारा कोयला आपूर्ति की जाती है। उन्होंने कहा, “केंद्र सरकार कोयले की पूरी आपूर्ति सुनिश्चित बनाने में असमर्थ रही है, ये दोनों बड़े थर्मल प्लांट फिलहाल अपनी आधी क्षमता पर चलने के लिए मजबूर हैं, जिसने बिजली की कमी को और बढ़ा दिया है और पंजाब के बिजली प्रबंधन को प्रभावित किया है।”

मंत्री तरुणप्रीत सिंह सोंध ने कहा, “यह एक बहुत ही गंभीर मुद्दा है जो पूरे देश को प्रभावित कर रहा है। केंद्र सरकार को इस मुद्दे पर अपनी चुप्पी तोड़नी चाहिए और देश के लोगों को स्पष्ट रूप से बताना चाहिए कि कोयले की इस कमी पर काबू पाने में कितना समय लगेगा, ताकि पंजाब की आम जनता और उद्योगों को बिना रुकावट बिजली आपूर्ति दी जा सके।”

बिजली मंत्री ने कहा, “केंद्र सरकार को इस मुद्दे को गंभीरता से लेना चाहिए और कोयले की कमी को दूर करने के लिए तुरंत ठोस और उचित कदम उठाने चाहिए। कोयले की समस्या का हल जल्द से जल्द निकाला जाना चाहिए ताकि बिना रुकावट बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जा सके।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *